हज 2026: टीकाकरण के साथ ट्रेनिंग शिविर में सिखाए गए अरकान, 300 आज़मीन हुए वैक्सीनेट

बरेली। हज 2026 के मुबारक सफर की तैयारियां अब रफ्तार पकड़ चुकी हैं। इसी क्रम में बरेली हज सेवा समिति की पहल पर खलील हायर सेकेंडरी स्कूल, सिविल लाइन्स में हज यात्रियों के लिए विशेष प्रशिक्षण एवं टीकाकरण शिविर का सफल आयोजन किया गया। उत्तर प्रदेश राज्य हज कमेटी (अल्पसंख्यक कल्याण मंत्रालय, उत्तर प्रदेश सरकार) के निर्देशन में आयोजित इस शिविर में जिले से चयनित बड़ी संख्या में हज आज़मीनों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

शिविर का उद्देश्य यात्रियों को हज की अहम इबादतों और अरकान की सही जानकारी देकर उन्हें पूरी तरह तैयार करना रहा। अनुभवी उलेमा और ट्रेनर्स ने व्यावहारिक प्रदर्शन के माध्यम से एहराम बांधने से लेकर तवाफ-ए-काबा, सई, वुकूफ़-ए-अरफात, मुज़दलिफ़ा में क़याम, जमारात पर कंकड़ी मारने और कुर्बानी तक की पूरी प्रक्रिया विस्तार से समझाई। हज के पांचों दिनों की क्रमवार जानकारी देकर यह सुनिश्चित किया गया कि आज़मीन किसी भी स्तर पर भ्रमित न हों और पूरे एहतियात व अदब के साथ अरकान अदा कर सकें।
बरेली हज सेवा समिति के संस्थापक पम्मी ख़ाँ वारसी ने बताया कि ऐसे प्रशिक्षण शिविर यात्रियों के आत्मविश्वास को बढ़ाते हैं और उन्हें रूहानी सफर के लिए मानसिक व शारीरिक रूप से तैयार करते हैं। प्रशिक्षण के दौरान कई आज़मीन भावुक भी दिखे, क्योंकि यह उनके जीवन का सबसे अहम और पाक सफर होने जा रहा है।
शिविर में हज कमेटी ऑफ इंडिया के दिशा-निर्देशों के अनुसार अनिवार्य टीकाकरण भी किया गया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने 300 आज़मीनों का टीकाकरण कर उनका मेडिकल चेकअप किया तथा गर्मी से बचाव, पर्याप्त पानी पीने, भीड़ में सतर्क रहने और आवश्यक दवाइयां साथ रखने जैसी महत्वपूर्ण सलाह दी।
हज ट्रेनिंग में हाजी यासीन कुरैशी और हाजी रहीस अहमद ने अरकान की विस्तार से जानकारी दी। वहीं शिविर को सफल बनाने में हाजी अज़ीम हसन, हाजी फैसल शम्सी, हाजी साकिब रज़ा ख़ाँ सहित अनेक सामाजिक कार्यकर्ताओं का विशेष योगदान रहा। चीफ वक्फ निरीक्षक रचना तोमर, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी इंद्र सरोज और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने भी सक्रिय सहयोग प्रदान किया।
खलील हायर सेकेंडरी स्कूल जैसे प्रतिष्ठित स्थल पर आयोजित यह शिविर पूरी तरह सफल रहा। आज़मीनों ने आयोजन की सराहना करते हुए दुआ की कि अल्लाह तआला सभी को मक़बूल हज नसीब फरमाए। आमीन।



